बिछड़ने वाले तेरे लिए, एक मशवरा है.. कभी हमारा ख्याल आए, तो अपना ‘ख्याल’ रखना..।।

कश आज ऐसी बारिश बरसे,
जो तेरी यादों को भी बहा ले जाए.😢 😭

फ़ासले तो बढ़ा रहे हो मगर इतना याद रखना,
मुहब्बत बार बार इंसान पर मेहरबान नहीं होती.

गम की परछाईयाँ यार की रुसवाईयाँ,
वाह रे मुहोब्बत ! तेरे ही दर्द 💔और तेरी ही दवाईयां

दो आईने को देखकर देखा किया तुझे
तेरी आंखों में डूबकर देखा किया तुझे
सुन ले जरा क्या कह रही तुमसे मेरी निगाह
खामोशियों से बोलकर देखा किया तुझे
लहरें तो आके रूक गईं साहिल को चूमकर
आंसू पलक में रोककर देखा किया तुझे
तेरी उदासियों में तस्वीर है मेरी
ये सोचके बस एकटक देखा किया तुझे

कभी भी ख़ुशी मे शायरी नहीं लिखी जाती है ये वो धुन है जो दिल टूटने पर बनती है….!!

किसी को प्यार करो तो इतना करों की उसे जब भी प्यार मिलें…
तो तुम याद आओ….😢 💔 😒

जिन्दगी मे कभी खुद को तन्हा न समझना,
साथ हूं मे तुम अपने से जुदा न समझना,
उर्म भर दोस्ती का वायदा किया है,
अगर जिन्दगी साथ न दे,
तो बे वफा न समझना!!

तुम्हारी याद ऐसे महफूज़ है मेरे दिल मे,
जैसे किसी गरीब ने रकम रक्खी हो तिजोरी में.!!😢 😭

हमें तो कब से पता था के तूबेवफा है
ऐ बेखबर
तुझे चाहा ही इस लिए की शायद तेरी फितरत बदल जाये…!!😢 💔 😒

मगर वो एक शख्स ही मेरी आखिरी मोहब्बत है….

आज़ाद कर दिया हे हमने भी उस पंछी को …,
जो हमारी दिल की कैद में रहने को तोहीन समजता था .😢 😭

दर्द 💔से हाथ न मिलाते तो और क्या करते,
गम के आंसू न बहते तो और क्या करते,
उसने मांगी थी हमसे रौशनी की दुआ,
हम खुद को न जलाते तो और क्या करते!

तेरी यादों ने मुझे क्या खूब मशरूफ किया है ऐ सनम..
द से मुलाकात के लिए भी वक़्त मुकर्रर करना पड़ता है।😢 💔 😒

दिल के सागर में लहरें उठाया ना करो,
ख्वाब बनकर नींद चुराया ना करो,
बहुत चोट लगती है मेरे दिल को,
तुम ख्वाबो में आकर युँ तडपाया ना करो.

तुझसे अच्छे तो जख्म हैं मेरे
उतनी ही तकलीफ देते हैं जितनी बर्दाश्त कर सकूँ ।।😢 😭

इश्क में इसलिए भी धोखा खानें लगें हैं लोग
दिल की जगह जिस्म को चाहनें लगे हैं लोग..😢 💔 😒

पुछेगा अगर खुदा तो कहूँगी
हाँ हूई थी मोहब्बत मगर जिसके साथ हूई वो उसके काबिल ना था 😢 😭

एक अज़ीब सा रिश्ता है मेरे और ख्वाहिशों के दरम्यां,
वो मुझे जीने नही देती… और मै उन्हे मरने नही देता..!!

उसने दरिया में डाल दी होगी
मेरी मोहब्बत भी…. एक नेकी थी😢 💔 😒

तुम रख न सकोगे मेरा तोहफा संभालकर,
वरना मैं अभी दे दूँ,
जिस्म से रूह निकालकर…

इसे इत्तेफाक समझो या दर्दनाक हकीकत, आँख जब भी नम हुई, वजह कोई अपना ही निकला !!

उसने महबूब ही तो बदला है ताज्जूब कैसा * * दूआ कबूल ना हो तो लोग खूदा भी बदल लेते हैं !!

ऊंचाइयों पर देखकर हैरान है बहुत लोग,
पर किसी ने मेरे पैरो के छाले नहीं देखे..

तुम बिन ज़िंदगी सूनी सी लगती है,
हर पल अधूरी सी लगती है,
अब तो इन साँसों को अपनी साँसों से जोड़ दे,
क्योंकि अब यह ज़िंदगी कुछ पल की मेहमान सी लगती है।😢 💔 😒

कोशिश तो होती है कि तेरी हर ख़्वाइश पूरी करूँ
पर डर लगता है कि तू ख़्वाइश में कहीं मुझसे जुदाई ना माँग ले।😢 💔 😒

ज़िन्दगी हसीन है , ज़िन्दगी से प्यार करो …..
हो रात तो सुबह का इंतज़ार करो …..
वो पल भी आएगा, जिस पल का इंतज़ार हैं आपको….
बस रब पर भरोसा और वक़्त पे ऐतबार करो ….

बेवजह बिछड़ तो गए हो तुम बस इतना बता दो कि सकून मिला या नहीं।

ढूँढ ही लेता है मुझे किसी ना किसी बहाने से दर्द
वाकिफ़ हो गया है मेरे हर ठिकाने से 😢 😭

अधूरी मोहब्बत मिली तो नींदें भी रूठ गयी,
गुमनाम ज़िन्दगी थी तो कितने सुकून से सोया करते थे.

मेरी तकमील में शामिल है तेरा हिसा भी ,
में अगर तुझ से ना मिलता तो अधूर ही रहता !!!!!!!!😢 💔 😒

मोहब्बत की आजमाइश दे दे कर थक गया हूँ ऐ खुदा..
किस्मत मेँ कोई ऐसा लिख दे, जो मौत तक वफा करे।

इत्तेफ़ाक़ से मिल जाते हो जब तुम राह में कभी,
युँ लगता है करीब से ज़िन्दगी जा रही हो जैसे !!😢 😭

तेरी ख़ुशी की खातिर मैंने कितने ग़म छिपाए
अगर मैं हर बार रोता 😭 तो तेरा शहर डूब जाता😢 💔 😒

तुम रख ना सकोगे मेरा तौफ़ा संभालकर;
वरना मैं अभी दे दूं जिस्म से रूह निकाल कर।😢 💔 😒

जिस उम्र में हमारे दाँत टूटे थे,
आज-कल के बच्चों के उस उम्र में दिल टूट जाते हैं।

इस दुनिया मेँ अजनबी रहना ही ठीक है….
लोग बहुत तकलीफ देते है अक्सर अपना बना कर !!

खूश्बु कैसे ना आये मेरी बातों से यारों,
मैंने बरसों से एक ही फूल से जो मोहब्बत की है ।😢 😭

चाहत वो नहीं जो जान देती है,
चाहत वो नहीं जो मुस्कान देती है,
ऐ दोस्त चाहत तो वो है,
जो पानी में गिरा आंसू पहचान लेती हैं.

यहाँ सब खामोश है कोई आवाज़ नहीं करता…
सच बोलकर कोई, किसी को नाराज़ नहीं करता।😢 💔 😒

चलती हुई कहानियों के जवाब तो बहुत है मेरे पास………..
लेकिन खत्म हुए किस्सों की खामोशी ही बेहतर है….😢 💔 😒

हम तो इन्तेजार करते करते अब मर जायेंगे…
कोइ तो आये एेसा जिन्दगी में जो बेवफा ना हो….!!!😢 💔 😒

मैं आईना हूँ टूटना मेरी फितरत है, इसलिए पत्थरों से मुझे कोई गिला नहीं।

अकेले रहने में और अकेले होने में फर्क होता है

इतना भी ना चाहो किसी को ,वो चला जाये,
और ज़िन्दगी बेरंग , बोझिल, और गुमनाम हो जाए..😢 💔 😒

अब जिस के जी में आये वही पाये रौशनी;
हम ने तो दिल जला कर सरेआम रख दिया।

कुर्बान हो जाऊं उस सख्स के हाथों की लकीरों पर
जिसने तुझे माँगा भी नहीं और तुझे अपना बना लिया ……!

हर शख्स परिन्दोँ का हमदर्द 💔नही होता दोस्तोँ..
बहुत बेदर्द बैठे हैँ दुनिया मे जाल बिछाने वाले…!!

दर्द 💔से हाथ न मिलाते तो और क्या करते! गम के आंसू न बहाते तो और क्या करते! उसने मांगी थी हमसे रौशनी की दुआ! हम खुद को न जलाते तो और क्या करते!

वक़्त मिला उसे तो हमें भी याद कर ही लेगा वो,
फ़ुरसत के लम्हों में हम भी बड़े ख़ास हैं उसके लिए.😢 😭

भुला कर हमें क्या वो खुश रह पाएंगे,
साथ में नही तो मेरे जाने के बाद मुस्कुरायेंगे,
दुआ है खुदा से की उन्हें कभी दर्द न देना,
हम तो सह गए पर वो टूट जायेंगे।

दिल की उम्मीदों का हौसला तो देखो…
इन्तजार उसका..
जिसको एहसास तक नहीं

तमाम नींदे गिरवी है उसके पास।
ज़रा सी मोहोब्बत ली थी जिससे।।

न समझ मैं भूल गया हूँ तुझे,
तेरी खुशबू मेरे सांसो में आज भी हैं ।
मजबूरियों ने निभाने न दी मोहब्बत,
सच्चाई मेरी वफाओ में आज भी हैं ।

कभी न कभी वो मेरे बारे में सोंचेगी ज़रूर..
के हासिल होने की उम्मीद भी नही थी, फिर भी वफ़ा करता था !!😢 😭

उंगलिया आज भी इस सोच में गुम है
उसने कैसे नए हाथ को थामा होगा..😢 😭

और भी बनती लकीरें दर्द की शुकर है खुदा तेरा जो हाथ छोटे दिए !!

सुना है के तुम रातों को देर तक जागते हो
यादों के मारे हो या मोहब्बत में हारे हो…😢 😭

तू मेरी चाहत का एक लफ्ज भी ना पढ़ सका, और मैं तेरे दिये हुए दर्द की किताब पढ़ते पढ़ते ही सोती हूँ।

आज उस की आँखों मे आँसू आ गये,
वो बच्चो को सिखा रही थी की मोहब्बत ऐसे लिखते है….😢 😭